नितीश मिश्र
दुमका/राँची(खबर_आजतक): दुमका जिले के काठीकुंड प्रखंड में अनुसूचित जनजाति (पहाड़िया समुदाय) की एक नाबालिग किशोरी के साथ हुए सामूहिक दुष्कर्म के मामले को राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग (एनसीएसटी) ने गंभीरता से लेते हुए स्वत: संज्ञान लिया है। आयोग की सदस्य डॉ. आशा लकड़ा के निर्देश पर उचित कार्रवाई की गई है।
बता दे, यह जघन्य घटना 25 अगस्त की देर रात काठीकुंड थाना क्षेत्र में घटी, जहाँ पाँच युवकों ने नाबालिग पहाड़िया किशोरी के साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। इस घटना को लेकर 27 अगस्त को आयोग के समक्ष शिकायत दर्ज कराई गई थी।

इसके पश्चात आयोग के उप सचिव योगेंद्र पी. यादव द्वारा दुमका जिले के उपायुक्त एवं जिला पुलिस अधीक्षक को नोटिस जारी कर सात दिनों के भीतर अब तक की गई कार्रवाई की विस्तृत रिपोर्ट माँगी गई है।वही, आयोग की ओर से यह भी स्पष्ट किया गया है कि यदि निर्धारित अवधि के भीतर जवाब नहीं दिया गया, तो संबंधित अधिकारियों को समन जारी किया जा सकता है। राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग इस मामले की निगरानी कर रहा है और दोषियों के विरुद्ध शीघ्र व ठोस कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए राज्य प्रशासन से अपेक्षा करता है।