विद्यार्थियों ने अपने वैश्विक ज्ञान और कूटनीतिक कौशल से किया प्रभावित
बोकारो (ख़बर आजतक) : दिल्ली पब्लिक स्कूल (डीपीएस) की ओर से आयोजित दो-दिवसीय मॉडल यूनाइटेड नेशन्स (एमयूएन) कॉन्फ्रेंस का समापन रविवार देरशाम पुरस्कार वितरण के साथ हो गया। विभिन्न कमेटियों में अलग-अलग पोर्टफोलियो के रूप में शामिल वैश्विक प्रतिनिधि की भूमिका निभाने वाले प्रतिभावान छात्र-छात्राओं को उनके प्रदर्शन के आधार पर सम्मानित किया गया। विद्यालय के प्राचार्य डॉ. ए. एस. गंगवार ने अलग-अलग श्रेणियों में उन्हें पुरस्कृत कर उन्हें प्रोत्साहित किया तथा उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। ‘अग्रणी – आरंभ से अनन्त तक’ नामक डीपीएस बोकारो के इस प्रथम एमयूएन संस्करण में बच्चों ने अपनी अनूठी संसद में स्थानीय से लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर के विभिन्न ज्वलंत मुद्दों पर अलग-अलग सत्रों में चर्चा की। न केवल चर्चा हुई, बल्कि वैश्विक समस्याओं के समाधानोन्मुखी बिंदुओं पर भी गहन मंथन हुआ। बोकारो, रांची, पाकुड़, गोमिया, कांके, पुरुलिया आदि जगहों के विभिन्न विद्यालयों के 100 से अधिक छात्र-छात्राओं ने प्रतिनिधियों के रूप में (डेलिगेट्स) अपने वैश्विक ज्ञान और अद्भुत कूटनीतिक कौशल से सभी को प्रभावित किया।
जनजातीय गौरव से लेकर सीमा पार संकटों तक की रही गूंज
प्रतिभागी विद्यार्थी भारत, यूएसए, ईरान, जर्मनी, रूस, यूक्रेन, पाकिस्तान, इंडोनेशिया, बांग्लादेश, लेबनान, आस्ट्रेलिया, कनाडा, मलेशिया, फिलिस्तीन, यूएई, दक्षिण अफ्रीका सरीखे देशों के प्रतिनिधि के रूप में विभिन्न विषयों पर अपना पक्ष रखने को जुटे रहे। इसके तहत संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद (यूएनएचआरसी) प्रतिनिधियों ने सीमा पार संकट के संदर्भ में प्रवासियों, शरणार्थियों और आंतरिक रूप से विस्थापित व्यक्तियों के अधिकार पर चर्चा की। ऑल इंडिया पॉलिटिकल पार्टीज मीट (एआईपीपीएम) ने बिहार और पश्चिम बंगाल के चुनावी व राजनीतिक-सामाजिक परिदृश्यों पर चर्चा की। जबकि, झारखंड विधानसभा के मॉडल में जनजातीय गौरव दिवस के लक्ष्यों का सम्मान करते हुए जनजातीय समुदायों के लिए भूमि और सामुदायिक अधिकार सुरक्षित करने हेतु झारखंड के वन अधिकार अधिनियम के कार्यान्वयन की समीक्षा की गई। वहीं, यूएन के पत्रकारिता-निकाय इंटरनेशनल प्रेस (आईपी) के प्रतिनिधियों की भी सक्रिय सहभागिता रही।
डीपीएस बोकारो ने पिट्स मॉडर्न को सुपुर्द किया ‘बेस्ट स्कूल डेलिगेशन अवार्ड’
कार्यक्रम के तहत सभी गतिविधियों में समेकित प्रदर्शन के आधार पर डीपीएस बोकारो ओवरऑल विजेता रहा, परंतु मेजबान विद्यालय होने के कारण बेस्ट स्कूल डेलिगेशन का पुरस्कार निकटवर्ती प्रतिद्वंदी पिट्स मॉडर्न स्कूल की टीम को सुपुर्द किया गया। इधर, समितिवार पुरस्कारों के तहत अलग-अलग राष्ट्रों, राजनीतिक दलों एवं विधानसभा क्षेत्र के कुशल प्रतिनिधित्व के लिए भी पुरस्कार दिए गए। यूएनएचआरसी में दिविशा वत्स (डीपीएस बोकारो) ने बेस्ट डेलीगेट का खिताब जीता, जबकि अवनी अनन्या पांडेय ((डीपीएस बोकारो) को हाई कमेंडेशन और अश्मित नारायण झा (जीजीपीएस) को स्पेशल मेंशन से नवाजा गया; साथ ही श्रेष्ठा चटर्जी (एजीसीएस पुरुलिया) व शिप्रा हेम्ब्रम (डीपीएस बोकारो) को ऑनरेबल मेंशन और श्रेया कुमारी (जीजीपीएस), शुभांगी श्रेया (डीपीएस बोकारो) व आरोही छाबड़ा (पिट्स मॉडर्न गोमिया) को वर्बल मेंशन प्राप्त हुआ। एआईपीपीएम में अमृत राज (सीबीएस, कांके, रांची) बेस्ट डेलीगेट चुने गए, अदिति देवप्रिया (डीपीएस बोकारो) को हाई कमेंडेशन, कुमारी खुशी (डीपीएस बोकारो) को स्पेशल मेंशन, नीतीश कुमार (डीपीएस बोकारो) व नामिश मॉल (एजीसीएस) को ऑनरेबल मेंशन और शिव कुमार मिश्रा (डीपीएस बोकारो), सृष्टि मिश्रा (डीपीएस बोकारो) व अनन्या सिंह (पिट्स मॉडर्न) को वर्बल मेंशन दिया गया। इसी प्रकार जेएलए में विधि सरावगी (एजीसीएस) ने बेस्ट डेलीगेट का सम्मान पाया, ख्याति रंजन (डीपीएस बोकारो) को हाई कमेंडेशन, विनायक रंजन (पिट्स मॉडर्न) को स्पेशल मेंशन, सिदरा सुम्बुल (जीजीपीएस) व आद्या मिश्रा (डीपीएस बोकारो) को ऑनरेबल मेंशन और प्रीतम सागर (डीपीएस बोकारो), शैल सिंह (श्री अय्यप्पा पब्लिक स्कूल, बोकारो) व त्रयंब भारद्वाज (चिन्मय विद्यालय बोकारो) को वर्बल मेंशन मिला। अंत में, आईपी (इंटरनेशनल प्रेस) के लिए मानव श्रीवास्तव (डीपीएस बोकारो) को बेस्ट रिपोर्टर और प्रत्यूष झा (पिट्स मॉडर्न) को ऑनरेबल मेंशन मिला, जबकि प्रद्युम्न सिन्हा (पिट्स मॉडर्न) ने बेस्ट कैरिकेचरिस्ट और शंकर कृतिक्षण (डीपीएस बोकारो) ने ऑनरेबल मेंशन जीता; वहीं फोटोग्राफी में आर्यन कुमार सिंह (पिट्स मॉडर्न) को बेस्ट फोटोग्राफर और मृदुल अमन (डीपीएस बोकारो) को ऑनरेबल मेंशन से सम्मानित किया गया। डीपीएस बोकारो के प्राचार्य डॉ. ए. एस. गंगवार ने उन्हें प्रमाण-पत्र एवं ट्रॉफी के साथ-साथ पारितोषिक राशि से पुरस्कृत किया।
बेहतर भविष्य-निर्माण में चेंजमेकर बनें विद्यार्थी : डॉ. गंगवार
पुरस्कार-वितरण के पश्चात डॉ. गंगवार ने डीपीएस बोकारो की इस पहल के सार्थक व सफल आयोजन पर प्रसन्नता व्यक्त की। इसके लिए सभी सहभागियों, प्रतिनिधियों एवं सहयोगियों को बधाई देते हुए उन्होंने हार-जीत से कहीं ज्यादा ऐसे आयोजनों में विद्यार्थियों की प्रतिभागिता को महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि निश्चय ही यहां से प्रतिभागी एक नया कूटनीतिक अनुभव लेकर जाएंगे। यह उनमें वैश्विक ज्ञान तथा उनके व्यक्तित्व के विकास में सहायक ही नहीं, मील का पत्थर साबित होगा। उन्होंने विद्यार्थियों का आह्वान करते हुए अपनी प्रतिभा के बूते बेहतर भविष्य के निर्माण में चेंजमेकर की भूमिका निभाने का संदेश दिया। इससे पूर्व, डीपीएस बोकारो की वाइस हेड गर्ल तथा एमयूएन की हॉस्पिटैलिटी विभाग से स्वर्णिम और पीआर एवं मीडिया प्रतिनिधि अक्षण्या सेजल ने दो दिनों के विभिन्न गतिविधियों का संक्षिप्त ब्योरा प्रस्तुत किया। इस दौरान एमयूएन कार्यकारिणी परिषद के सदस्य तथा सफल आयोजन के सहयोगी भी सम्मानित किए गए। विद्यालय की उप सांस्कृतिक सचिव अवन्या पाहवा ने धन्यवाद ज्ञापन किया। समापन राष्ट्रगान से हुआ।
