रिपोर्ट : नितीश मिश्रा
रांची: पारस एचईसी हॉस्पिटल, रांची ने जटिल हृदय रोग उपचार के क्षेत्र में एक और बड़ी उपलब्धि हासिल की है। अस्पताल में 80 वर्षीय बुजुर्ग महिला कौशल्या देवी की सफल ओपन हार्ट सर्जरी कर यह सिद्ध किया गया कि उम्र इलाज में बाधा नहीं बनती। चतरा निवासी कौशल्या देवी पिछले लगभग 10 वर्षों से हृदय रोग से पीड़ित थीं और कई अस्पतालों में इलाज के बावजूद सर्जरी नहीं हो पाई थी। अचानक तबीयत बिगड़ने पर उन्हें पारस एचईसी हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया, जहां जांच में दिल की कार्यक्षमता मात्र 30 प्रतिशत पाई गई। वरिष्ठ कार्डियक सर्जन डॉ. कुणाल हजारी और उनकी टीम ने चुनौतीपूर्ण स्थिति में ओपन हार्ट सर्जरी का निर्णय लिया। सर्जरी सफल रही, हालांकि बाद में वेंटिलेटर से हटाना कठिन रहा। कड़ी निगरानी और टीमवर्क से मरीज की स्थिति में लगातार सुधार हुआ। ऑपरेशन के डेढ़ माह बाद अब मरीज पूरी तरह स्वस्थ हैं। हॉस्पिटल प्रबंधन ने इसे क्लिनिकल एक्सीलेंस और समर्पित टीम का परिणाम बताया।
