राँची

राँची: आदिवासी समाज साल में एक बार पूस माह में करते हैं पूर्वजों को याद : फूलचंद तिर्की

रिपोर्ट : नितीश_मिश्र

राँची(खबर_आजतक): बोड़ेया गाँव में विश्वकर्मा पहान की अगुवाई में शनिवार को हड़गडी मसना पूजा किया गया। मसना पुजा में मुख्य रूप से केन्द्रीय सरना समिति के केन्द्रीय अध्यक्ष फूलचंद तिर्की उपस्थित हुए। बोड़ेया ग्राम के ग्रामवासी सुबह में मसना स्थल की साफ़ सफ़ाई कर अखाड़ों में जमा होकर विश्वकर्मा पहान की अगुआई में सादा झंडा ढोल नगाड़ा मांदर के साथ परंपरा संस्कृति के अनुसार सैकड़ों महिला पुरुष नाचते गाते मसना स्थल गए एवं मसना स्थल में अपने अपने पूर्वजों को दाल भात तेल सिंदूर हंडिया तपाने अर्पित कर पूर्वजों से आशीर्वाद लिया एवं मसना स्थल में सादा झंडा गाड़ा गया।

इस मौक़े पर केंद्रीय सरना समिति के केन्द्रीय अध्यक्ष फूलचंद तिर्की ने कहा कि आदिवासी समाज साल में एक बार पूस के महीने में अपने पूर्वजों को याद करते हैं। आज गाँवों में ही रुढ़िवादी परंपरा संस्कृति जीवित हैं। उन्होंने कहा कि जल्द ही बोड़ेया मसना स्थल की घेराबंदी कराई जाएगी।

इस मौक़े पर ग्राम प्रधान अनिल उराँव, सरपंच अमर तिर्की महतो, जगनिवास टोप्पो, पइनभोरा, दिलीप टोप्पो, रामलाल उराँव, शनिश्चर उराँव, भगत उराँव, भुरका उराँव, विजय उराँव, विनोद टोप्पो, आसमानी टोप्पो, दालु उराँव, सुकरा टोप्पो, अनिल टोप्पो आदि उपस्थित थे।

Related posts

दीनदयाल उपाध्याय एक महान चिन्तक, संगठनकर्ता एवं एकात्म मानववाद के प्रणेता थे: वरूण साहू

admin

हेमंत सोरेन का विश्वास मत हासिल करना झारखंडी आदिवासी मूलवासी समाज की जीत : विजय शंकर

admin

जेएससीए कंट्री क्रिकेट क्लब की EOGM की बैठक में विवाद, गवर्निंग बॉडी के संशोधन का सांसद सह क्लब निदेशक मनीष जायसवाल ने विरोध किया

admin

Leave a Comment