ड्रोन, सीसीटीवी और 21 गश्ती दलों के जिम्मे सुरक्षा; एनएच-75 पर दो दिन रहेगा रूट डायवर्जन

मांडर: झारखंड का ऐतिहासिक दो दिवसीय मुड़मा जतरा मंगलवार से शुरू होगा। आयोजन की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। सरना धर्मगुरु बंधन तिग्गा की अगुवाई में 40 पड़हा के पाहन-पुजार और धार्मिक अगुवा जतरा स्थल स्थित शक्ति खूंटा की पूजा-अर्चना कर मेले का विधिवत शुभारंभ करेंगे।
जतरा में मनोरंजन के लिए बिजली चालित झूले, मौत का कुआं, सर्कस और जादू के खेल आकर्षण का केंद्र होंगे। इसके अलावा पारंपरिक वाद्य यंत्र, कृषि उपकरण, श्रृंगार सामग्री, खिलौने और खानपान की सैकड़ों दुकानें लगाई गई हैं। समापन के दिन 40 पड़हा के लोग पारंपरिक निशान, रम्पा-चम्पा तथा लकड़ी के हाथी, घोड़े और अन्य प्रतीकों के साथ नाचते-गाते जतरा में शामिल होंगे।
सुरक्षा के व्यापक इंतजाम
भीड़ को नियंत्रित करने के लिए प्रशासन ने जतरा क्षेत्र को चार सेक्टरों में बांटा है। सुरक्षा के लिए ड्रोन, सीसीटीवी और 21 गश्ती दल तैनात रहेंगे। राजी पड़हा जतरा समिति के दो हजार स्वयंसेवक भी प्रशासन का सहयोग करेंगे।
एनएच-75 पर बदला रहेगा मार्ग
27 और 28 अक्टूबर को लोहरदगा से आने वाले वाहन टांगरबसली मोड़ से बेड़ो होकर रांची जाएंगे। रांची से आने वाले वाहनों को काठीटांड़ से ठाकुरगांव और बुढ़मू की ओर भेजा जाएगा।



