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करम डाली की छांव में किशोरियों ने लिया बाल विवाह मुक्त समाज का संकल्प

September 23, 2026 Khaberaajtak@gmail.com 1 min read

कसमार : झारखंड के पारंपरिक लोकपर्व करम महोत्सव पर कसमार प्रखंड में आस्था के साथ सामाजिक जागरूकता की तस्वीर देखने को मिली। सहयोगिनी बोकारो के बाल विवाह मुक्त अभियान के तहत खैराचातर, हिसीम, केदला, सोनपुरा, पोंडा, गरी और पिरगुल समेत विभिन्न गांवों में किशोरियों ने करम डाली को साक्षी मानकर बाल विवाह के खिलाफ संकल्प लिया।

सोनपुरा, केदला, खैराचातर और पिरगुल के करम अखाड़ा परिसरों में सैकड़ों किशोरियों ने शपथ ली कि वे न खुद बाल विवाह करेंगी और न ही अपने समाज में इसे होने देंगी। पर्व के अंतिम दिन किशोरियों और ग्रामीण महिलाओं को बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम, बाल संरक्षण तथा बच्चों के कानूनी अधिकारों की जानकारी दी गई।

सहयोगिनी की सचिव कल्याणी सागर ने कहा कि बाल विवाह बच्चों के बचपन और सुनहरे भविष्य के अवसर छीन लेता है। करम जैसे सांस्कृतिक पर्वों के माध्यम से जागरूकता फैलाना सामाजिक बदलाव का प्रभावी माध्यम है। अभियान में किशोरी क्लब की सदस्याओं और ग्रामीण महिलाओं ने सक्रिय भागीदारी निभाई।

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