BREAKING NEWS
डॉक्टर्स डे पर स्वर्णनालिका ज्वेलर्स में सम्मान समारोह, शहर के चिकित्सक होंगे शामिल1000 नियुक्तियों का जश्न, 50 हजार रिक्त पदों पर सरकार मौन : प्रतुल शाह देवएदलहातू में पीसीसी पथ निर्माण कार्य का शिलान्यासदुर्गा सोरेन चौक के पास लेबर शेड निर्माण कार्य का शिलान्यासदेव स्नान यात्रा सम्पन्न , 15 दिनों के एकांतवास पर जाएंगे प्रभु जगन्नाथमुख्यमंत्री ने 1,042 सहायक आचार्यों को बांटे नियुक्ति पत्रडॉक्टर्स डे पर स्वर्णनालिका ज्वेलर्स में सम्मान समारोह, शहर के चिकित्सक होंगे शामिल1000 नियुक्तियों का जश्न, 50 हजार रिक्त पदों पर सरकार मौन : प्रतुल शाह देवएदलहातू में पीसीसी पथ निर्माण कार्य का शिलान्यासदुर्गा सोरेन चौक के पास लेबर शेड निर्माण कार्य का शिलान्यासदेव स्नान यात्रा सम्पन्न , 15 दिनों के एकांतवास पर जाएंगे प्रभु जगन्नाथमुख्यमंत्री ने 1,042 सहायक आचार्यों को बांटे नियुक्ति पत्र
Uncategorized

वेदांता ने एक दशक में सरकारी खजाने में करीब 5 लाख करोड़ रुपये का योगदान

June 29, 2026 Khaberaajtak@gmail.com 1 min read

बोकारो (ख़बर आजतक) : प्राकृतिक संसाधनों के क्षेत्र में अग्रणी कंपनी वेदांता लिमिटेड ने अपनी 11वीं टैक्स ट्रांसपेरेंसी रिपोर्ट जारी करते हुए वित्तीय वर्ष 2025-26 में देश के सरकारी खजाने में 62,722 करोड़ रुपये का योगदान देने की जानकारी दी है। यह कंपनी के इतिहास का दूसरा सबसे बड़ा वार्षिक योगदान है, जो उसके कुल टर्नओवर का लगभग 36 प्रतिशत है।


रिपोर्ट के अनुसार, वेदांता पिछले एक दशक में कुल 4,83,034 करोड़ रुपये का योगदान कर चुकी है। कंपनी का कहना है कि यह वृद्धि पिछले वर्ष की तुलना में 13.3 प्रतिशत अधिक है, जो उसके मजबूत वित्तीय प्रदर्शन और राष्ट्र-निर्माण के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाता है। वेदांता देश के खजाने में योगदान देने वाले शीर्ष तीन निजी क्षेत्र के उद्यमों में शामिल है।
वित्तीय वर्ष 2025-26 में कंपनी का राजस्व 15 प्रतिशत बढ़कर 1,74,075 करोड़ रुपये तक पहुंच गया, जो अब तक का सर्वाधिक है। वहीं EBITDA 29 प्रतिशत बढ़कर 55,976 करोड़ रुपये और कर पश्चात लाभ (PAT) 22 प्रतिशत बढ़कर 25,096 करोड़ रुपये हो गया। कंपनी की बैलेंस शीट भी मजबूत हुई है, जहां शुद्ध ऋण का अनुपात घटकर 0.95 गुना रह गया है।


वेदांता के विभिन्न कारोबार जैसे जिंक, एल्युमीनियम, ऑयल एंड गैस, आयरन ओर और पावर सेक्टर में बेहतर प्रदर्शन के चलते यह वृद्धि संभव हो सकी। इनमें जिंक से 19,053 करोड़ रुपये, एल्युमीनियम से 15,788 करोड़ रुपये और ऑयल एंड गैस से 11,697 करोड़ रुपये का प्रमुख योगदान रहा।
टैक्स योगदान में रॉयल्टी, कॉर्पोरेट टैक्स, इनडायरेक्ट टैक्स, ड्यूटी और अन्य कर शामिल हैं। कंपनी का कहना है कि कर पारदर्शिता उसके ईएसजी (पर्यावरण, सामाजिक और प्रशासन) ढांचे का महत्वपूर्ण हिस्सा है और वह पिछले 11 वर्षों से स्वैच्छिक रूप से इसका खुलासा करती आ रही है।
वेदांता ने कहा कि वह जिम्मेदार कॉर्पोरेट नागरिक के रूप में पारदर्शिता, सुशासन और देश के विकास में योगदान के लिए प्रतिबद्ध है।

← एक्सआईएसएस और आईईएम कोलकाता की अंतरराष्ट्रीय कॉन्फ्रेंस ‘एसएमडीवी-2026’ का समापन एसआईआर-2026 को लेकर डीईओ की बैठक, बीएलए-2 की उपस्थिति अनिवार्य →

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related News

Opinion

View All →
रम
रमेश शर्मा
वरिष्ठ संपादक

भारत की विदेश नीति में एक नए युग की शुरुआत हो रही है।

पव
पवन वर्मा
राजनीतिक विश्लेषक

लोकतंत्र की जड़ें मज़बूत करने के लिए शिक्षा में सुधार जरूरी है।

नप
नेहा पाटिल
आर्थिक विशेषज्ञ

बजट से आम जनता को राहत मिलने की उम्मीद थी, पर महंगाई चुनौती बनी है।

अक
अरुण कुमार
पूर्व IAS अधिकारी

सरकारी तंत्र में पारदर्शिता लाने के लिए डिजिटल इंडिया की पहल कारगर है।