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बांस आधारित उद्योगों से ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मिलेगी नई दिशा : दीपिका पांडेय सिंह

July 11, 2026 Khaberaajtak@gmail.com 1 min read

रांची: ग्रामीण विकास, ग्रामीण कार्य एवं पंचायती राज मंत्री दीपिका पांडेय सिंह ने कहा कि झारखंड में बांस आधारित उद्योगों की अपार संभावनाएं हैं और प्रभावी नीति, तकनीक, वित्तीय सहयोग व बाजार उपलब्ध होने पर राज्य देश का प्रमुख बांस उत्पादक एवं बांस उद्योग केंद्र बन सकता है। वह रांची स्थित एक्सआईएसएस में आयोजित बैंबू इकोसिस्टम कॉन्क्लेव-2026 में बोल रही थीं।

उन्होंने कहा कि बिरसा हरित ग्राम योजना के तहत उत्पादित झारखंड के आम इस वर्ष दुबई, इटली और लंदन जैसे अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक पहुंचे हैं। इसी तरह बांस आधारित आजीविका भी ग्रामीण अर्थव्यवस्था, महिला सशक्तिकरण और रोजगार सृजन को नई दिशा दे सकती है। मंत्री ने बताया कि हाल ही में नई दिल्ली में आयोजित राष्ट्रीय हितधारक परामर्श में उद्योग, पर्यटन और आईटी क्षेत्र में कई एमओयू हुए हैं, जिससे राज्य में निवेश और विकास को गति मिलेगी। कार्यक्रम में बांस आधारित औद्योगिक नीति, ग्रामीण उद्यमिता, स्वयं सहायता समूहों की भागीदारी, निवेश और बाजार विस्तार जैसे विषयों पर विस्तृत चर्चा की गई।

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