
रांची: डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी विश्वविद्यालय के स्नातकोत्तर मनोविज्ञान विभाग की ओर से गुरुवार को विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस के अवसर पर ‘प्रवाह’ व्याख्यानमाला के तहत एक दिवसीय सेमिनार आयोजित किया गया। रविंद्र नाथ टैगोर सभागार में आयोजित कार्यक्रम की अध्यक्षता कुलपति डॉ. राजीव मनोहर ने की।
कुलपति डॉ राजीव मनोहर ने कहा कि मानसिक स्वास्थ्य की रक्षा के लिए चिंता नहीं, चिंतन करना जरूरी है। उन्होंने कहा कि 2026 की थीम ‘जीने के अनुभवों को सुना गया, सच्ची आवाजें, सच्चा बदलाव’ मानसिक स्वास्थ्य चुनौतियों से गुजर रहे लोगों की आवाज को नीतियों और स्वास्थ्य सेवाओं में शामिल करने पर जोर देती है। जरूरतमंद लोगों को समय पर सहयोग और सही जानकारी मिलनी चाहिए।
विभागाध्यक्ष डॉ. मीनाक्षी कुजूर ने कहा कि स्वस्थ जीवन की नींव मानसिक स्वास्थ्य पर निर्भर है। मुख्य वक्ता सीआईपी, कांके के डॉ. प्रशांत श्रीवास्तव ने तनाव से निपटने के लिए जीवनशैली में सुधार को जरूरी बताया। कार्यक्रम में डॉ. अताउल्ला, डॉ. प्रकाश उरांव सहित शिक्षक और विद्यार्थी मौजूद थे।
