BREAKING NEWS
करम पर्व झारखंडी अस्मिता और सांस्कृतिक स्वाभिमान की पहचान : सुदेशगोमिया महाविद्यालय में बाल विवाह के खिलाफ जागरूकता अभियानडॉ. सीआर लाहा के निधन से रांची विश्वविद्यालय में शोकपैसों की कमी नहीं बनेगी इलाज में बाधा, 25 बच्चे हृदय सर्जरी के लिए कोच्चि रवानासीसीएल मुख्यालय में स्वच्छता की शपथ, जागरूकता रथ को मिली हरी झंडीकरम पर्व प्रकृति, संस्कृति और सामुदायिक एकता का संदेश : शिल्पी नेहा तिर्कीकरम पर्व झारखंडी अस्मिता और सांस्कृतिक स्वाभिमान की पहचान : सुदेशगोमिया महाविद्यालय में बाल विवाह के खिलाफ जागरूकता अभियानडॉ. सीआर लाहा के निधन से रांची विश्वविद्यालय में शोकपैसों की कमी नहीं बनेगी इलाज में बाधा, 25 बच्चे हृदय सर्जरी के लिए कोच्चि रवानासीसीएल मुख्यालय में स्वच्छता की शपथ, जागरूकता रथ को मिली हरी झंडीकरम पर्व प्रकृति, संस्कृति और सामुदायिक एकता का संदेश : शिल्पी नेहा तिर्की
Uncategorized

झारखंड चैंबर चुनाव में पहले दिन 42 नामांकन, 1 सितंबर तक दाखिले का मौका, डीआईएन अनिवार्य

August 31, 2026 Khaberaajtak@gmail.com 1 min read


रांची (ख़बर आजतक) : फेडरेशन ऑफ झारखंड चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के सत्र 2026-27 की कार्यकारिणी समिति एवं क्षेत्रीय उपाध्यक्ष पद के चुनाव को लेकर सोमवार से नामांकन प्रक्रिया शुरू हो गई। पहले दिन कुल 42 नामांकन प्रपत्र प्राप्त हुए। चुनाव को लेकर व्यवसायिक जगत में भी उत्साह देखा जा रहा है।


चुनाव पदाधिकारी अंचल किंगर और को-चेयरमैन पवन शर्मा ने बताया कि नामांकन प्रपत्र जमा करने की अंतिम तिथि 1 सितंबर 2026 की शाम चार बजे तक निर्धारित है। इसके बाद प्राप्त प्रपत्रों की स्क्रूटनी की जाएगी और योग्य प्रत्याशियों की सूची जारी की जाएगी।
चुनाव पदाधिकारियों के अनुसार प्रत्याशियों के लिए नामांकन प्रपत्र के साथ वैध डीआईएन (डायरेक्टर आइडेंटिफिकेशन नंबर) देना अनिवार्य किया गया है। डीआईएन के बिना प्रस्तुत नामांकन को वैध नहीं माना जाएगा। नामांकन प्रक्रिया पूरी होने के बाद प्रत्याशियों को नामांकन वापस लेने का अवसर भी दिया जाएगा।


नामांकन वापस लेने की अंतिम तिथि 3 सितंबर 2026 को दोपहर तीन बजे तक निर्धारित की गई है। इसके बाद चुनाव में शामिल होने वाले प्रत्याशियों की अंतिम सूची प्रकाशित की जाएगी।
चैंबर चुनाव में कार्यकारिणी समिति और क्षेत्रीय उपाध्यक्ष पदों के लिए होने वाली प्रक्रिया को लेकर सदस्यों के बीच गतिविधियां तेज हो गई हैं। चुनाव कार्यक्रम के अगले चरण में स्क्रूटनी और नाम वापसी के बाद तस्वीर स्पष्ट होगी।

← वाईबीएन यूनिवर्सिटी में खेल प्रतिभा और औद्योगिक ज्ञान का संगम, विद्यार्थियों ने प्रतियोगिताओं में जीते पुरस्कार मोदी के 25 साल के सार्वजनिक जीवन पर भाजपा का ‘सेवा संकल्प अभियान’, 17 सितंबर से होगा आगाज →

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related News

Opinion

View All →
रम
रमेश शर्मा
वरिष्ठ संपादक

भारत की विदेश नीति में एक नए युग की शुरुआत हो रही है।

पव
पवन वर्मा
राजनीतिक विश्लेषक

लोकतंत्र की जड़ें मज़बूत करने के लिए शिक्षा में सुधार जरूरी है।

नप
नेहा पाटिल
आर्थिक विशेषज्ञ

बजट से आम जनता को राहत मिलने की उम्मीद थी, पर महंगाई चुनौती बनी है।

अक
अरुण कुमार
पूर्व IAS अधिकारी

सरकारी तंत्र में पारदर्शिता लाने के लिए डिजिटल इंडिया की पहल कारगर है।