BREAKING NEWS
झारखंड चैंबर चुनाव में टीम मुकेश अग्रवाल की मजबूत दस्तक, 28 प्रत्याशी मैदान मेंटीम तुलसी: चैंबर चुनाव में टीम तुलसी पटेल ने तेज किया जनसंपर्क, व्यापारियों से मांगा समर्थननेतरहाट की नाशपाती को मिला बड़ा बाजार, संगठित खरीदारों से जुड़ रहीं महिला किसानसुदेश महतो ने बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी से की शिष्टाचार मुलाकातडेढ़ साल में डुमरिया को मिली आधुनिक स्वास्थ्य सुविधा, नवनिर्मित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जनता को समर्पितचैंबर चुनाव की तस्वीर साफ, 84 नामांकन वैध; 3 सितंबर तक नाम वापसी का मौकाझारखंड चैंबर चुनाव में टीम मुकेश अग्रवाल की मजबूत दस्तक, 28 प्रत्याशी मैदान मेंटीम तुलसी: चैंबर चुनाव में टीम तुलसी पटेल ने तेज किया जनसंपर्क, व्यापारियों से मांगा समर्थननेतरहाट की नाशपाती को मिला बड़ा बाजार, संगठित खरीदारों से जुड़ रहीं महिला किसानसुदेश महतो ने बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी से की शिष्टाचार मुलाकातडेढ़ साल में डुमरिया को मिली आधुनिक स्वास्थ्य सुविधा, नवनिर्मित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जनता को समर्पितचैंबर चुनाव की तस्वीर साफ, 84 नामांकन वैध; 3 सितंबर तक नाम वापसी का मौका
Uncategorized

संगिनी मार्ट से निशु देवी बनीं आत्मनिर्भर, बच्चों की पढ़ाई को मिला सहारा

August 12, 2026 Khaberaajtak@gmail.com 1 min read

धनबाद : एसीसी सिंदरी एवं अडानी फाउंडेशन की संगिनी मार्ट पहल ग्रामीण महिलाओं के लिए आजीविका का नया अवसर बन रही है। छातातांड़ गांव की 45 वर्षीय निशु देवी, चार बच्चों की मां हैं। पति की सीमित कृषि आधारित आय के कारण परिवार को आर्थिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था। दैनिक जरूरतों के साथ बच्चों की शिक्षा का खर्च उठाना भी चुनौती बना हुआ था।

निशु देवी की स्थिति को समझते हुए अडानी फाउंडेशन ने संगिनी मार्ट पहल के तहत उन्हें आजीविका गतिविधि से जोड़ने में सहयोग दिया। मार्गदर्शन और आवश्यक सहायता मिलने के बाद उन्होंने नियमित आय का स्रोत विकसित किया और आत्मनिर्भरता की दिशा में कदम बढ़ाया।

वर्तमान में निशु देवी प्रतिमाह करीब 7,000 से 8,000 रुपये की आय अर्जित कर रही हैं। इससे परिवार की आर्थिक स्थिति में सुधार हुआ है और कृषि पर निर्भरता भी कम हुई है। अतिरिक्त आय से वह अपने बच्चों की उच्च शिक्षा में सहयोग कर पा रही हैं। उनकी सफलता ग्रामीण महिलाओं के सशक्तीकरण और स्थायी आजीविका की दिशा में पहल की प्रभावशीलता को दर्शाती है।

← अंतरराष्ट्रीय युवा दिवस पर पलामू में छात्रों के न्याय की आवाज बुलंद एचयूआरएल के सीएसआर सहयोग से स्वास्थ्य विभाग को मिलीं 28 व्हीलचेयर, 15 गर्भवती महिलाओं की हुई गोदभराई →

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related News

Opinion

View All →
रम
रमेश शर्मा
वरिष्ठ संपादक

भारत की विदेश नीति में एक नए युग की शुरुआत हो रही है।

पव
पवन वर्मा
राजनीतिक विश्लेषक

लोकतंत्र की जड़ें मज़बूत करने के लिए शिक्षा में सुधार जरूरी है।

नप
नेहा पाटिल
आर्थिक विशेषज्ञ

बजट से आम जनता को राहत मिलने की उम्मीद थी, पर महंगाई चुनौती बनी है।

अक
अरुण कुमार
पूर्व IAS अधिकारी

सरकारी तंत्र में पारदर्शिता लाने के लिए डिजिटल इंडिया की पहल कारगर है।