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तेनुघाट में जर्जर सरकारी कार्यालयों की खुली पोल, घुटने भर पानी में काम करने को मजबूर कर्मचारी

September 1, 2026 Khaberaajtak@gmail.com 1 min read

तेनुघाट (बोकारो) : तेनुघाट अनुमंडल स्थित निबंधन कार्यालय और ट्रेजरी कार्यालय की बदहाल स्थिति ने सरकारी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। हल्की बारिश होते ही दोनों कार्यालयों में घुटने भर तक पानी जमा हो जाता है। ऐसे हालात में कर्मचारियों के साथ-साथ जरूरी काम से पहुंचने वाले आम लोगों को भी भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।


निबंधन कार्यालय की छत का हिस्सा जगह-जगह टूटकर गिर रहा है। छत से लगातार पानी टपकने और दीवारों में सीलन के कारण कर्मचारी डर के साए में काम करने को मजबूर हैं। उन्हें आशंका है कि कभी भी छत का कोई बड़ा हिस्सा गिरकर दुर्घटना का कारण बन सकता है। वहीं पानी जमा होने से फर्श पर फिसलन बनी रहती है, जिससे लोगों के गिरकर चोटिल होने का खतरा भी बढ़ गया है।


बताया जाता है कि बेरमो-तेनुघाट निबंधन कार्यालय से सरकार को प्रतिमाह करोड़ों रुपये का राजस्व प्राप्त होता है। इस कार्यालय के माध्यम से सात प्रखंडों में जमीन की रजिस्ट्री और विवाह निबंधन जैसे महत्वपूर्ण कार्य किए जाते हैं। इसके बावजूद कार्यालय भवन की मरम्मत और रखरखाव पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है।
ट्रेजरी कार्यालय की स्थिति भी इससे अलग नहीं है। बारिश के दौरान पानी टपकने से कंप्यूटर और जरूरी उपकरणों को बचाने के लिए कर्मचारियों को प्लास्टिक से ढककर काम करना पड़ता है। महत्वपूर्ण दस्तावेजों और फाइलों के भीगने से उनके खराब होने का खतरा बना हुआ है। स्थानीय लोगों का दावा है कि कई महत्वपूर्ण दस्तावेज और फाइलें पहले ही खराब हो चुकी हैं।
स्थानीय लोगों ने बोकारो उपायुक्त से दोनों कार्यालयों की तत्काल मरम्मत, जल निकासी की स्थायी व्यवस्था और जरूरी दस्तावेजों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है। लोगों का कहना है कि तेनुघाट जैसे महत्वपूर्ण अनुमंडल में सरकारी कार्यालयों की यह स्थिति प्रशासनिक उदासीनता की गंभीर तस्वीर पेश करती है।

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