BREAKING NEWS
चैंबर चुनाव की तैयारियां तेज, आधिकारिक व्हाट्सएप ग्रुप अब केवल चुनावी सूचनाओं के लिए2047 तक विकसित भारत का रोडमैप, युवा होंगे बदलाव के वाहकलोकतांत्रिक विरोध को कुचलना चाहती है हेमंत सरकार : बाबूलाल मरांडीसुप्रीम कोर्ट का नोटिस सरकार के लिए आईना, युवाओं के सवालों से भागना संभव नहीं : देवशरण भगतपरिसीमन के नाम पर आदिवासी राजनीतिक हिस्सेदारी में कटौती स्वीकार नहीं : शिल्पी नेहा तिर्कीश्रावण की सांस्कृतिक विरासत में रचे विद्यार्थियों के रंग, सुर और लोक परंपराएंचैंबर चुनाव की तैयारियां तेज, आधिकारिक व्हाट्सएप ग्रुप अब केवल चुनावी सूचनाओं के लिए2047 तक विकसित भारत का रोडमैप, युवा होंगे बदलाव के वाहकलोकतांत्रिक विरोध को कुचलना चाहती है हेमंत सरकार : बाबूलाल मरांडीसुप्रीम कोर्ट का नोटिस सरकार के लिए आईना, युवाओं के सवालों से भागना संभव नहीं : देवशरण भगतपरिसीमन के नाम पर आदिवासी राजनीतिक हिस्सेदारी में कटौती स्वीकार नहीं : शिल्पी नेहा तिर्कीश्रावण की सांस्कृतिक विरासत में रचे विद्यार्थियों के रंग, सुर और लोक परंपराएं
Uncategorized

चैंबर चुनाव की तैयारियां तेज, आधिकारिक व्हाट्सएप ग्रुप अब केवल चुनावी सूचनाओं के लिए

August 25, 2026 Khaberaajtak@gmail.com 1 min read

नितीश_मिश्रा

रांची: झारखंड चैंबर ऑफ कॉमर्स के सत्र 2026-27 के चुनाव को लेकर चुनाव समिति की बैठक चैंबर भवन में हुई। बैठक में चुनावी तैयारियों की समीक्षा कर कार्यालय को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए और विभिन्न जिम्मेदारियां सौंपी गईं। समिति के निर्देश पर चैंबर के सभी आधिकारिक व्हाट्सएप ग्रुप को एडमिन लॉक कर दिया गया है। अब इन ग्रुपों पर केवल चुनाव से संबंधित जरूरी सूचनाएं और गतिविधियों की जानकारी साझा की जाएगी।

मुख्य चुनाव पदाधिकारी अंचल किंगर ने कहा कि चुनाव अवधि में चैंबर भवन में किसी प्रत्याशी को चुनावी बैठक की अनुमति नहीं होगी। व्यापार एवं उद्योग से जुड़ी गतिविधियां भी चुनाव समिति की पूर्व सहमति से ही आयोजित होंगी। को-चेयरमैन पवन शर्मा ने बताया कि 12 अगस्त की कार्यकारिणी बैठक में आजीवन सदस्य बनाए गए सदस्यों को ही चुनाव में मतदान का अधिकार होगा। उन्होंने कहा कि संबद्ध संस्थाओं के पदाधिकारियों को छोड़कर अन्य सदस्यों के प्रतिनिधि नाम में अब बदलाव नहीं किया जा सकेगा।

← 2047 तक विकसित भारत का रोडमैप, युवा होंगे बदलाव के वाहक

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related News

Opinion

View All →
रम
रमेश शर्मा
वरिष्ठ संपादक

भारत की विदेश नीति में एक नए युग की शुरुआत हो रही है।

पव
पवन वर्मा
राजनीतिक विश्लेषक

लोकतंत्र की जड़ें मज़बूत करने के लिए शिक्षा में सुधार जरूरी है।

नप
नेहा पाटिल
आर्थिक विशेषज्ञ

बजट से आम जनता को राहत मिलने की उम्मीद थी, पर महंगाई चुनौती बनी है।

अक
अरुण कुमार
पूर्व IAS अधिकारी

सरकारी तंत्र में पारदर्शिता लाने के लिए डिजिटल इंडिया की पहल कारगर है।